लखनऊ में गोमती नदी का बढ़ता जलस्तर अब लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गया है। फैजुल्लागंज और आसपास के इलाकों में बाढ़ का पानी घरों और बाजारों तक पहुंच चुका है। कई जगहों पर पानी कई फीट तक जमा है, जिसके चलते लोगों का सामान्य जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। बड़ी संख्या में परिवार घरों से बाहर निकलकर सुरक्षित जगहों की ओर जा रहे हैं, जबकि जलभराव वाले रास्तों पर आवागमन के लिए नावों का इस्तेमाल करना पड़ रहा है। लगातार पानी में डूबे रहने से मकानों और दुकानों को भी नुकसान पहुंचने लगा है।


बाढ़ का असर सिर्फ रिहायशी इलाकों तक सीमित नहीं है। शहर के कई धार्मिक स्थल, पार्क और गोमती रिवर फ्रंट के आसपास भी पानी फैल गया है। हनुमंत धाम और लेटे हुए हनुमान मंदिर सहित कई जगहों पर जलभराव की तस्वीरें सामने आई हैं। दूसरी ओर बलिया और गोंडा के कई गांव भी बाढ़ के पानी से घिरे हुए हैं, जिससे ग्रामीण इलाकों में संपर्क की समस्या बढ़ गई है। पहाड़ों में हुई बारिश के बाद बांधों से छोड़े गए पानी का असर अब भी नदियों में दिखाई दे रहा है और प्रशासन प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव व्यवस्था पर नजर बनाए हुए है।