
नई दिल्ली : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के प्रति भारत की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि “एक पृथ्वी, एक परिवार और एक भविष्य” के सिद्धांत तथा मिशन LiFE (लाइफस्टाइल फॉर एनवायरनमेंट) की भावना के साथ भारत स्वच्छ, हरित और टिकाऊ भविष्य की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है।प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर संदेश साझा करते हुए कहा कि पर्यावरण के अनुकूल जीवनशैली को बढ़ावा देना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। इसके साथ ही उन्होंने एक वीडियो संदेश भी जारी किया, जिसमें प्रकृति और पर्यावरण के संरक्षण के महत्व पर प्रकाश डाला।

उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में धरती को मां का दर्जा दिया गया है और उसकी रक्षा करना प्रत्येक पीढ़ी का कर्तव्य है। हमारे पूर्वजों ने इस जिम्मेदारी का निर्वहन किया और अब आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्यावरण को सुरक्षित रखना हमारी जिम्मेदारी है।पीएम मोदी ने मिशन LiFE का उल्लेख करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए पूरी दुनिया को मिलकर जिम्मेदार जीवनशैली अपनानी होगी। उन्होंने लोगों से जरूरत के अनुसार संसाधनों का उपयोग करने और अत्यधिक उपभोग की प्रवृत्ति से बचने की अपील की।

प्रधानमंत्री ने कहा कि “उपयोग करो और फेंक दो” जैसी सोच पृथ्वी के लिए नुकसानदायक है। हमारी खपत का आधार हमारी वास्तविक जरूरतें होनी चाहिए, न कि केवल हमारी क्रय क्षमता।उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि प्रकृति के साथ असंतुलित व्यवहार और लगातार बढ़ता मानवीय हस्तक्षेप कई वैश्विक संकटों का कारण बन रहा है। यदि समय रहते सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में और भी गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।







