
छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले में रेत के अवैध खनन को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। इस घटना में तीन लोगों को उनकी गाड़ी समेत ज़िंदा जला दिया गया। मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिन्हें गुरुवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, विवाद में शामिल दोनों पक्ष भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) से जुड़े हुए हैं। कोरिया की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुरेशा चौबे ने बताया कि मामले में फरार पांच अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि दोनों पक्षों के बीच पिछले कई वर्षों से वर्चस्व को लेकर विवाद चलता आ रहा था। घटना सोनहत थाना क्षेत्र के नवगई गांव की है, जहां रेत के अवैध खनन को लेकर विवाद हुआ। इसी दौरान बीजेपी नेता और पूर्व जनपद पंचायत अध्यक्ष भरत सिंह गहरवार की गाड़ी पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी गई। इस दर्दनाक घटना में भरत सिंह गहरवार समेत तीन लोगों की मौत हो गई।
पुलिस का कहना है कि आरोपियों ने गाड़ी के आगे और पीछे डंपर लगाकर उसका रास्ता रोक दिया। गाड़ी में सवार लोग बाहर निकल पाते, उससे पहले ही उसमें पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई। इस मामले में पुलिस ने मनोज त्रिपाठी, अक्षत त्रिपाठी, विशाल त्रिपाठी और सत्यप्रकाश त्रिपाठी को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपी एक ही परिवार के सदस्य बताए जा रहे हैं।







