
मोगा: पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि चन्नी के मामले में अब अंतिम फैसला कांग्रेस आलाकमान ही करेगा। बघेल ने कहा कि पार्टी ने चन्नी को विधायक, मंत्री, नेता प्रतिपक्ष, मुख्यमंत्री और सांसद जैसे अहम पदों की जिम्मेदारी दी है। मौजूदा हालात की पूरी रिपोर्ट आलाकमान को सौंपी जाएगी, जिसके बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा।

मोगा दौरे पर पत्रकारों से बातचीत में जब उनसे पंजाब कांग्रेस में चल रही गुटबाजी और संगठन की स्थिति पर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि पार्टी नेतृत्व को भेजी जाने वाली रिपोर्ट और फीडबैक पूरी तरह गोपनीय होते हैं, इसलिए इस पर सार्वजनिक रूप से कोई टिप्पणी नहीं की जा सकती।भूपेश बघेल ने बताया कि पंजाब में ‘हर बूथ, कांग्रेस मजबूत’ अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत सभी जिलों में संगठन की समीक्षा की जा रही है और बूथ स्तर पर पार्टी को मजबूत बनाने की रणनीति तैयार की जा रही है, ताकि कांग्रेस की नीतियों और विचारों को अधिक से अधिक मतदाताओं तक पहुंचाया जा सके।

वहीं, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने चन्नी विवाद पर कहा कि हर परिवार में छोटे-मोटे मतभेद होते हैं। उन्होंने कहा कि सकारात्मक बात यह है कि अब कांग्रेस की गतिविधियां लगातार सुर्खियों में हैं और पार्टी को मीडिया में पर्याप्त जगह मिल रही है।इस बीच मोगा में प्रदेश कांग्रेस प्रभारी और प्रदेश अध्यक्ष के पोस्टर भी लगाए गए, जिन्हें राज्य में चल रही अंदरूनी सियासी खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है।राजा वड़िंग ने मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण (SIR) को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया के जरिए हर बूथ पर कांग्रेस समर्थक 15 से 20 वोट कम करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।उन्होंने आम आदमी पार्टी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि यदि पंजाब सरकार सीबीआई जांच की बात कर रही है, तो इससे भाजपा और आम आदमी पार्टी के बीच राजनीतिक समझौते की आशंका पैदा होती है, जिसका असर आगामी चुनावों में दिखाई दे सकता है।





