
उत्तर कोरिया (North Korea) के नेता किम जोंग उन( Kim Jong Un) ने एक शक्तिशाली ठोस ईंधन मिसाइल इंजन के परीक्षण का निरीक्षण किया। सरकारी मीडिया के अनुसार, यह परीक्षण देश की सामरिक सैन्य ताकत को और मजबूत करने के लिए किया गया है। Korean Central News Agency (KCNA) के मुताबिक, इस नए इंजन का थ्रस्ट लगभग 2,500 किलोटन है, जो पहले किए गए परीक्षणों से काफी ज्यादा है। इससे यह संकेत मिलता है कि उत्तर कोरिया अपनी लंबी दूरी की मिसाइल क्षमता को तेजी से बढ़ा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के इंजन का इस्तेमाल Intercontinental Ballistic Missile में किया जा सकता है, जो United States की मुख्यभूमि तक पहुंचने में सक्षम होती हैं।किम जोंग उन ने कहा कि यह परीक्षण देश की सैन्य ताकत को “सर्वोच्च स्तर” तक पहुंचाने के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने पहले भी घोषणा की थी कि उत्तर कोरिया को स्थायी परमाणु शक्ति के रूप में स्थापित किया जाएगा।
रिपोर्ट के अनुसार, यह परीक्षण उत्तर कोरिया के पांच-वर्षीय सैन्य विस्तार कार्यक्रम का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य उन्नत हमलावर क्षमताएं विकसित करना है। ठोस ईंधन वाली मिसाइलों की खासियत यह है कि इन्हें तेजी से लॉन्च किया जा सकता है और इन्हें पहले से पहचानना मुश्किल होता है। विशेषज्ञ यह भी मानते हैं कि इंजन की बढ़ी हुई ताकत का इस्तेमाल एक ही मिसाइल में कई वारहेड लगाने के लिए किया जा सकता है, जिससे दुश्मन की रक्षा प्रणाली को चकमा देना आसान हो जाता है।




