
बिलासपुर के कोटा क्षेत्र में पिस्टल की नोक पर लूट और चोरी करने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मास्टरमाइंड समेत 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से पिस्टल, सोने के जेवरात, कार, बाइक और 6 मोबाइल बरामद किए हैं। गिरोह ने 8 जुलाई को बेलगहना रेलवे स्टेशन से कलेक्शन लेकर जा रहे रेलवे कर्मचारी को सलका डैम मोड़ के पास धक्का देकर 7,430 रुपए लूटे थे। इसके बाद 18 जुलाई को आरोपियों ने बुर्का पहनकर राजकुमारी जायसवाल के घर में घुसकर मारपीट की और हथियार के बल पर करीब 50 हजार रुपए के सोने के जेवर लूट लिए थे।

पुलिस के मुताबिक, लूटे गए पैसे और जेवरों के बंटवारे को लेकर आरोपियों में विवाद हो गया। 2 सितंबर को कोटा पेट्रोल पंप के पास उनके बीच मारपीट हुई, जिसके बाद एक आरोपी शिकायत लेकर थाने पहुंच गया। पूछताछ में उसने गिरोह की पूरी कहानी बता दी। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। जांच में सामने आया कि मंझगांव निवासी राकेश जायसवाल ने दिव्यांशु जायसवाल और आदर्श तिवारी के साथ मिलकर वारदात की योजना बनाई थी। पुलिस ने बताया कि वारदात के लिए सनी सिंह आरोपियों को मध्य प्रदेश के रीवा ले गया था, जहां उसके भाई के जरिए पिस्टल उपलब्ध कराई गई। लूट के सोने के जेवर हर्ष नामदेव के माध्यम से फिरंगीपारा के सर्राफा कारोबारी हर्ष सोनी को बेचे गए थे। पुलिस ने राकेश जायसवाल, दिव्यांशु जायसवाल, आदर्श तिवारी, हर्ष नामदेव, हर्ष सोनी और सनी सिंह को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। एसएसपी रजनेश सिंह ने पुलिस टीम की सफलता की सराहना करते हुए नकद इनाम की घोषणा की है।





