
नई दिल्ली: IIT दिल्ली के M.Sc. फिजिक्स के 31 वर्षीय छात्र की मौत के मामले में पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया है। छात्र ने कथित तौर पर पिछले हफ्ते संस्थान के कैंपस में एक इमारत से कूदकर जान दे दी थी। छात्र ने कथित तौर पर 22 अगस्त को संस्थान के कैंपस में एक इमारत से कूदकर आत्महत्या कर ली थी।
शुरुआती जांच के मुताबिक, छात्र सुबह करीब 8 बजे मुख्य गेट से IIT दिल्ली कैंपस में दाखिल हुआ और फिर लेक्चर हॉल कॉम्प्लेक्स गया, जहां से वह लिफ्ट लेकर छठी मंजिल पर पहुंचा। उसने कथित तौर पर इमारत के सामने की तरफ से छलांग लगा दी। उसे तुरंत संस्थान के कैंपस अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।सुबह करीब 8.30 बजे किशनगढ़ पुलिस स्टेशन को घटना के बारे में PCR कॉल मिली, जिसके बाद पुलिस की एक टीम कैंपस पहुंची। सबूत इकट्ठा करने के लिए क्राइम टीम और फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी यूनिट को भी बुलाया गया। पुलिस ने पहले कहा था कि घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। मृतक की जेब से मिला मोबाइल फोन ज़ब्त कर लिया गया है और उसकी जांच की जा रही है।
जांच के तहत, पुलिस संस्थान से छात्र के काउंसलिंग रिकॉर्ड और अन्य ज़रूरी जानकारी भी हासिल कर रही है। ताज़ा घटनाक्रम यह है कि पुलिस ने अब अज्ञात लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने से संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। अधिकारियों ने बताया कि छात्र की मौत की परिस्थितियों और इसमें अगर किसी और की भूमिका है, तो उसकी जांच की जा रही है। IIT दिल्ली ने पहले छात्र की मौत पर दुख जताया था और कहा था कि दिल्ली पुलिस घटना की जांच कर रही है। संस्थान ने कहा कि वह पीड़ित परिवार को हर संभव मदद दे रहा है।
छात्रों के विरोध-प्रदर्शन- कक्षाएं स्थगित
वहीं, IIT दिल्ली ने इस दुखद मौत की जांच के लिए एक बाहरी जांच समिति बनाई है। इस बीच सोमवार को छात्रों के विरोध के बीच क्लासें रोक दी गईं। छात्र प्रशासनिक खामियों की वजह से हुई मौत की स्वतंत्र जांच और इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग कर रहे थे। साथ ही, उन्होंने संस्थान के मेंटल-हेल्थ प्रोटोकॉल में ज़्यादा पारदर्शिता की भी मांग की। पुलिस अभी इस घटना की वजह की जांच कर रही है और मामले में आगे कानूनी कार्रवाई की जा रही है।





