
नई दिल्ली: ET NOW द्वारा आयोजित ET NOW Global Business Summit 2026 में केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने भारत की आर्थिक दिशा और वैश्विक रणनीति पर विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि देश “रिफॉर्म एक्सप्रेस” पर सवार होकर विकसित भारत के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है। गोयल ने बताया कि बीते एक वर्ष में आयकर व्यवस्था से लेकर जीएसटी तक कई अहम सुधार लागू किए गए हैं। सरकार का फोकस नीतियों और प्रक्रियाओं को सरल बनाकर आम नागरिकों और कारोबारियों पर अनुपालन (कंप्लायंस) का बोझ कम करना है। उन्होंने कहा कि एफडीआई और एफटीए के मोर्चे पर भी भारत ने बड़े कदम उठाए हैं।

मंत्री ने कहा कि भारत ने जिन देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) किए हैं, वे वैश्विक स्तर पर मिसाल बन रहे हैं। खासतौर पर स्विट्जरलैंड, नॉर्वे, आइसलैंड और लिकटेंस्टीन जैसे यूरोपीय देशों के साथ हुए समझौतों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इन समझौतों में निवेश को लेकर स्पष्ट प्रतिबद्धता तय की गई है। यदि तय समय में निवेश नहीं होता, तो भारत को दी गई रियायतें वापस लेने का अधिकार होगा। उन्होंने कहा कि भारत के FTA तीन सिद्धांतों—विश्वास, पारदर्शिता और समयबद्ध निश्चितता—पर आधारित हैं। इन समझौतों से भारत के लिए वैश्विक बाजार का बड़ा हिस्सा खुल चुका है, जिससे निर्यात और निवेश दोनों को बढ़ावा मिलेगा।

गोयल ने कहा कि भारत आज दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है और जल्द ही तीसरे स्थान पर पहुंचने की ओर अग्रसर है। वर्तमान में करीब 4 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था 2047 तक 30 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचने की क्षमता रखती है। केंद्रीय मंत्री ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर भी अपना दृष्टिकोण रखा। उन्होंने कहा कि AI इंसानों की जगह लेने नहीं, बल्कि उनकी कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए है। भारत का लक्ष्य तकनीक को मानव हित में इस्तेमाल करना है, ताकि विकास समावेशी और टिकाऊ हो। समिट में गोयल ने दोहराया कि भारत का विजन स्पष्ट है—सुधार, निवेश और वैश्विक साझेदारी के जरिए विकसित राष्ट्र बनने का।




