
मुरादाबाद। शिक्षा का अधिकार (आरटीई) के कामों में लापरवाही बरतने पर बेसिक शिक्षा विभाग मुरादाबाद के जिला समन्यवक (डीसी) रहे अमित कुमार सिंह को बेसिक शिक्षा अधिकारी विमलेश कुमार ने सोमवार को निलंबित कर दिया। निलंबन अवधि में वह प्राथमिक विद्यालय वीरपुर वरियार मूंढापांडे से संबद्ध रहेंगे।
बीएसए विमलेश कुमार ने पत्र जारी कर कहा कि अमित कुमार सिंह को जिला समन्वयक (सामुदायिक सहभागिता) के पद से 13 अप्रैल को कार्यमुक्त कर दिया गया था। वे मूल विद्यालय प्रा. वि. वीरपुर वरियार में कार्यभार ग्रहण करने नहीं पहुंचे। इसको लेकर खंड शिक्षाधिकारी ने भी आख्या भेजी थी। बताया था कि अमित सिंह ने कार्यभार ग्रहण नहीं किया और चिकित्सा अवकाश पर हैं। इसके अलावा चिकित्सा अवकाश समक्ष अधिकारी के स्तर से स्वीकृत नहीं हुई। इसके अलावा शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम-2009 के अंतर्गत 25 प्रतिशत सीटों के निर्धारण में विद्यालयों में नामाकिंत छात्रों के सापेक्ष 25 प्रतिशत आवंटित सीटों के कम अथवा अधिक होने के संबंध में सही आंकड़े नहीं मिले। इसको लेकर हुई अनियमितताओं के संबंध में दो सदस्यीय संयुक्त जांच समिति ने जांच की थी। जांच समिति की आख्या के आधार पर तत्कालीन जिला समन्वयक को प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर निलंबित कर दिया गया है।
बीएसए विमलेश कुमार ने बताया कि यूडायस पोर्टल एवं आरटीई पोर्टल पर बच्चों की नामांकन संख्या में भिन्नता होना, निजी गैर-सहायता प्राप्त स्कूलों में कम नामांकन के उपरांत भी आरटीई के अंतर्गत अधिक सीट एवं अधिक नांमाकन के उपरांत भी कम सीटों का आवंटन होना, कार्यालय से जिला समन्वयक (सामुदायिक सहभागिता) पद से कार्यमुक्ति के बाद भी मूल विद्यालय में कार्यभार ग्रहण नहीं करने के मामले में अमित सिंह पर कार्रवाई की गई है। अमित सिंह के निलंबन के मामले में बीएसए विमलेश कुमार ने खंड शिक्षाधिकारी कुंदरकी त्रिलोकी नाथ को जांच अधिकारी बनाया है। वे 15 दिन के अंदर सुस्पष्ट साक्ष्य सहित जांच आख्या बीएसए को देंगे।




